Sunday, May 3, 2020

मुक्तक - हरि भक्त पर कोई जब.......



हरि भक्त पर कोई गर, संकट पड़ेगा भारी,

खोलेंगे सारे रस्ते, विपदा हरेंगे सारी,

पैदा हुआ जो रावण, या कंस जैसा पापी,

आएंगे फिर से रघुवर, आएंगे मुरलीधारी।
               
                            @ मुकेश पाण्डेय "जिगर"

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